Wardha में एक ऐसी जगह है जहाँ घायल वन्यजीवों को सिर्फ़ इलाज नहीं, वक़्त और भरोसा भी मिलता है। PFA Wardha अब तक 40,000 से ज़्यादा जानवरों को बचाकर फिर से जंगल से जोड़ चुका है। तेंदुए हों या गिद्ध, पैंग ...
जहाँ हर कदम सटीक होना चाहिए, जहाँ हर पल ज़िम्मेदारी से भरा होता है, वहाँ सेवा सिर्फ ड्यूटी नहीं रहती, वह भरोसे का रिश्ता बन जाती है। मेजर ऋषभ सिंह सांब्याल उसी मौन भरोसे का नाम हैं। बिना मंच, बिना शब् ...
भारतीय टीचर ने जीता $1 Million का वर्ल्ड प्राइज |Indian Teacher Wins $1 Million Global Teacher Prize
भारत की एक ऐसी टीचर की कहानी जिन्होंने बिना स्कूल के हजारों बच्चों को पढ़ाया। मुंबई की झुग्गियों में दीवारों को क्लासरूम ...
₹100 की कमाई से TV के Happu Singh तक | Yogesh Tripathi Story | Uttar Pradesh| The Better India Hindi
झांसी से मुंबई तक Yogesh Tripathi का यह सफर आसान नहीं था। योगेश ने 75–100 रुपये में नुक्कड़ नाटक किए, स्टेशन पर रातें बिताईं और एक ही शो में 150 से ज़्यादा किरदार निभाए। जब “भाबीजी घर पर हैं” में उन्ह ...
एक समय था जब राकेश कॉर्पोरेट ऑफिस में काम करते थे। करीब 15 साल कॉर्पोरेट सेक्टर में काम करने के बाद ,2022 में उन्होंने नौकरी ...
अनगिनत रिजेक्शन और मुश्किल दौर के बावजूद Purva Mantri ने संगीत का साथ कभी नहीं छोड़ा। आज WPL में उनकी परफॉर्मेंस ने सबका दिल जीत लिया। सिर्फ एक सिंगर ही नहीं, Purva अपने पिता के साथ मिलकर एक पूरे गाँव ...
जिस लड़के ने कॉलेज की फीस भरने के लिए अपना कंप्यूटर बेच दिया था, वही लड़का आज YouTube से लाखों रुपये कमा रहा है। यह है झारखंड के एक छोटे से गांव से आने वाले Manoj Dey. पिता साइकिल पंचर की दुकान चलाते ...
5 साल तक मुंबई में संघर्ष, रिजेक्शन, डर और खयाली भूत। Paramveer Singh Cheema की ये कहानी बताती है कि अगर आप रुकते नहीं, तो ...
जहाँ दुनिया ने उसे ‘बेचारा’ कहा, वहाँ सोनिया ने योगेश्वर को अपना जीवनसाथी चुना। जम्मू–कश्मीर के योगेश्वर सिंह जन्म से सेरेब्रल पाल्सी से जूझ रहे थे। जहाँ दुनिया ने उनकी कमज़ोरी देखी, वहीं सोनिया ने उन ...
70 की उम्र में भी अगर कोई स्टेज़ पर उतरकर फुल एनर्जी के साथ जादू बिखेर दे, तो उसे उम्र नहीं, जुनून कहते हैं। यह वीडियो है कल्पना अय्यर का, वही OG डांसर, जिन्होंने 1981 की फ़िल्म ‘अरमान’ के आइकॉनिक गान ...
आज की भागती-दौड़ती ज़िंदगी में हर माता-पिता अपने बच्चों को सभी सुख-सुविधाएं देना चाहते हैं। साथ ही ...
भारत में प्रिंटिंग का इतिहास 1556 में शुरु हुआ जब पुर्तगाल के जेसुइट मिशनरियों ने गोवा में पहला ...
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